Saturday, May 1, 2010

चारू भइय्या

दोस्तों मैं आपको आज अपने प्यारे सबसे करीब और अजीज़ से मिलवाने जा रहा हूँ जो आज भी दुःख सुख़ में मेरे साथ है और मुझे हमेशा प्यार करते हैं। आज उन्होंने मेरे ब्लॉग के लिए कुछ चित्र बनाये हैं इसे मै आपको दिखाना चाहता हूँ।


ये हैं चारू भैय्या
यह चित्र उन्होंने अपना बनाया है.
और यह भूमि दीदी का है जो एक शिक्षिका बनी है.
और इस चित्र में सूरज, चंदा और एक फूल का पौधा है।
और एक दैत्य का भी चित्र है.

चारू भैय्या की कल्पना का कोई जवाब नहीं वह उम्र में बहुत ही छोटे हैं पर जब बात करते हैं तो लोग आश्चर्यचकित रह जाते हैं.तो ऐसे हैं हमारे प्यारे चारू भैय्या
चारू भैया आपका शुक्रिया..... :)

5 comments:

रावेंद्रकुमार रवि said...

उपयोगी और मनभावन होने के कारण
चर्चा मंच पर

मेरा मन मुस्काया!

शीर्षक के अंतर्गत
इस पोस्ट की चर्चा की गई है!

अक्षिता (पाखी) said...

ये हुई न स्मार्ट वाली बात...!!
______________
'पाखी की दुनिया' में 'वैशाखनंद सम्मान प्रतियोगिता में पाखी' !

माधव said...

चर्चा मंच के द्वारा यहाँ तक पहुचा हूँ , अच्छा लगा

Roshani said...

रवि जी धन्यवाद...आपने इस पोस्ट को अपने ब्लॉग पर स्थान दिया
प्यारे प्यारे बच्चों को देखकर मन आनंदित हुआ :)
आदित्य और चारू की और से आप सभी का शुक्रिया..

Anonymous said...

anubhav jha and anushka jha very congruglations